परेड ग्राउंड बना गर्व का गवाह: 35 वीर अफसरों को मिला पुलिस पदक, पर कुछ नामों ने सबका ध्यान खींचा!
रायपुर। राजधानी रायपुर के पुलिस परेड ग्राउंड में स्वतंत्रता दिवस के भव्य समारोह के दौरान छत्तीसगढ़ की पुलिस सेवा से जुड़े 35 अधिकारियों और जवानों को उत्कृष्ट सेवा के लिए विभिन्न पुलिस पदकों से सम्मानित किया गया। मुख्य अतिथि मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने वीरता, विशिष्ट सेवा, सुधारात्मक योगदान और सराहनीय कार्य के लिए पुलिसकर्मियों को पदक पहनाकर सम्मानित किया। इस गौरवपूर्ण क्षण में न सिर्फ बहादुरी बल्कि कर्तव्यनिष्ठा और मानवीय सेवा की मिसालें भी सामने आईं।
इन पुरस्कारों से नवाजे गए अधिकारी एवं जवान:
पुलिस वीरता पदक (President’s Police Medal for Gallantry):
11 बहादुर अधिकारियों को, जिनमें दंतेवाड़ा, सुकमा और कबीरधाम जैसे संवेदनशील जिलों में तैनात जवानों का नाम शामिल है।
विशेष उल्लेख: शहीद प्रधान आरक्षक बुधराम कोरसा को मरणोपरांत वीरता पदक, जो उनकी पत्नी मति सुखमति को प्रदान किया गया।
राष्ट्रपति पुलिस पदक (Distinguished Service):
महेश राम साहू, सेवानिवृत्त निरीक्षक, विशेष शाखा, नवा रायपुर को।
सराहनीय सेवा के लिए पुलिस पदक:
11 अधिकारियों को, जिनमें मुख्यमंत्री सचिवालय के सचिव राहुल भगत (भा.पु.से.), और अन्य विभागीय अफसरों के नाम शामिल हैं।
सुधार सेवा पदक (Correctional Service Medal):
5 जेल कर्मचारियों को, जो जगदलपुर, बेमेतरा, सूरजपुर, दंतेवाड़ा में तैनात रहे।
गृहरक्षक सेवा पदक:
महेश कुमार मिश्रा, नगर सेना, कोरिया।
राज्य स्तरीय एवं DGP पुरस्कार (2024):
गुरु घासीदास पुरस्कार: निशा सिन्हा, SDOP गरियाबंद
राज्यपाल पुरस्कार: मंजूलता राठौर, उप पुलिस अधीक्षक, रायपुर
मुख्यमंत्री पुरस्कार: रागिनी मिश्रा, SDOP कुरूद, धमतरी
रानी सुबरन कुंवर पुरस्कार: फिर से मंजूलता राठौर को
शहीद वीर नारायण सिंह पुरस्कार: रविंद्र अनंत, निरीक्षक, अजाक थाना बिलासपुर
पुलिस महानिदेशक पुरस्कार: नर्मदा कोठारी, महिला प्रधान आरक्षक, बालोद
इस समारोह ने यह सिद्ध कर दिया कि छत्तीसगढ़ पुलिस न केवल जंग के मैदान में डटी है, बल्कि समाज सुधार और प्रशासनिक दक्षता में भी अव्वल है।

















