चुनाव अवधि के दौरान शस्त्र लाइसेंस धारियों से जमा कराया जायेगा शस्त्र
मनेंद्रगढ़/विधानसभा निर्वाचन 2023 की घोषणा हो चुकी है। आदर्श आचरण संहिता प्रभावशील हो गई है, अतएव जिले में लोक परिशान्ति बनाये रखने तथा निर्वाचन प्रक्रिया एवं मतदान निर्विघ्न निष्पक्ष और एवं शांति पूर्ण ढंग से सम्पन्न कराने हेतु अन्य उपायों के साथ-साथ प्रतिबंधात्मक उपाय भी आवश्यक है। नरेन्द्र कुमार दुग्गा, जिला दण्डाधिकारी मनेन्द्रगढ़-चिरमिरी-भरतपुर ने दण्ड प्रक्रिया संहिता की धारा 144 के अन्तर्गत प्रदत्त शक्तियों का प्रयोग करते हुए नीचे लिखी प्रतिबन्धात्मक निषेधाज्ञा जारी किया है। जिला के अन्दर कोई भी व्यक्ति किसी भी प्रकार का घातक अस्त्र-शस्त्र यथा बंदूक, रायफल, पिस्टल, भाला, बल्लम, बरछा, लाठी एवं अन्य प्रकार के घातक हथियार तथा विस्फोटक सामग्री लेकर किसी भी सार्वजनिक स्थान, आम सड़क, रास्ता, सार्वजनिक सभायें एवं अन्य स्थानों पर नहीं चलेगा। कोई भी राजनैतिक दल या अभ्यर्थी सशस्त्र जुलूस नहीं निकालेगा और न ही आपत्ति जनक नारे लगायेगा और न ही आपत्तिजनक पोस्टर वितरित करेगा।
यह आदेश उन शासकीय अधिकारियों, कर्मचारियों पर लागू नहीं होगा। जिन्हें अपने कार्य के सम्पादन के लिए लाठी या शस्त्र रखना आवश्यक है, यह आदेश उन शासकीय कर्मचारियों पर लागू नहीं होगा। जिन्हें निर्वाचन मतदान के दौरान कानून व्यवस्था बनाये रखने के लिए पुलिस अधिकारी नियुक्त किया गया है। यह आदेश उन व्यक्तियों पर भी लागू नहीं होगा, जिन्हें शारीरिक दुर्बलता, वृद्धावस्था तथा लगड़ापन होने के कारण लाठी रखना आवश्यक है। मनेन्द्रगढ़ जिले के अन्तर्गत विनिर्दिष्ट मतदान केन्द्र, मतगणना स्थल, कलेक्ट्रेट जिला निर्वाचन कार्यालय, जिला पंचायत, अनुविभागीय अधिकारी कार्यालय, तहसील, जनपद पंचायत के परिसर के बाहर न तो भीड़ इकट्ठा होगी न ही धरना दिया जायेगा, और न ही नारेबाजी की जायेगी। जिले के अन्तर्गत कोई भी राजनैतिक दल अथवा व्यक्ति द्वारा आमसभा, जुलूस एवं धरना आयोजित करने के पूर्व उसकी विधिवत सूचना कानून व्यवस्था से जुड़े सक्षम अधिकारी को लिखित में देकर उनसे अनुमति प्राप्त करेगा। विधिवत अनुमति प्राप्त करने के उपरान्त ही संबंधित राजनैतिक दल व्यक्ति द्वारा आमसभा, जुलूस का आयोजन किया जा सकेगा। कोई भी राजनैतिक दल या व्यक्ति मनेन्द्रगढ़-चिरमिरी- भरतपुर जिला के अन्तर्गत किसी भी धार्मिक संस्थान या उसके आस-पास न तो आमसभा का आयोजन करेगा और न ही ध्वनि विस्तारक यंत्र का उपयोग करेगा, न ही धार्मिक स्थानों का आमसभा या जुलूस में उपयोग करेगा। आदेश की पांच प्रतियाँ सर्व पीठासीन अधिकारियों को अग्रेषित। वह पोलिंग स्टेशन में पहुंचने के साथ ही उस पोलिंग स्टेशन के अन्तर्गत आने वाले ग्रामों में इसकी प्रतियां मुख्य-मुख्य स्थानों पर चस्पा करें। यह आदेश 09 अक्टूबर 2023 से निर्वाचन की प्रक्रिया समाप्ति तक प्रभावशील रहेगा।

















