45 घंटे तक भूखे रहने पर शरीर में बनने लगता है ‘अमृत’? जानें उपवास का चौंकाने वाला विज्ञान

45 घंटे तक भूखे रहने पर शरीर में बनने लगता है ‘अमृत’? जानें उपवास का चौंकाने वाला विज्ञान

07-Sep-2025    1:24:47 pm    19    Anita nishad

  

नई दिल्ली। क्या सच में लंबे उपवास से शरीर में अमृत जैसा प्रभाव बनने लगता है? भारतीय संस्कृति में व्रत-उपवास सिर्फ धार्मिक परंपरा नहीं बल्कि विज्ञान से जुड़ी प्रक्रिया भी मानी जाती है। हाल ही में अमेरिका के मशहूर पॉडकास्टर लेक्स फ्रिडमैन ने खुलासा किया कि उन्होंने पीएम नरेंद्र मोदी से इंटरव्यू से पहले पूरे 45 घंटे का उपवास किया था। उन्होंने इस दौरान केवल पानी पिया और किसी भी तरह का भोजन नहीं लिया।

आइए जानते हैं कि 45 घंटे तक उपवास करने पर शरीर में किस तरह के वैज्ञानिक बदलाव होते हैं—

???? पहले 6-12 घंटे:

  • शरीर ऊर्जा के लिए ग्लूकोज और ग्लाइकोजन पर निर्भर रहता है।

  • इंसुलिन लेवल कम होने लगता है और शरीर धीरे-धीरे फैट बर्निंग मोड में जाने लगता है।

⏳ 12-24 घंटे:

  • ग्लाइकोजन खत्म होने पर शरीर ऊर्जा के लिए फैट ब्रेकडाउन शुरू करता है।

  • केटोन बॉडीज़ बनने लगती हैं, जो मस्तिष्क और मांसपेशियों को ऊर्जा देती हैं।

  • इसी दौरान शुरू होती है ऑटोफैगी – यानी पुरानी कोशिकाओं की सफाई और नई कोशिकाओं का निर्माण।

⚡ 24-36 घंटे:

  • ह्यूमन ग्रोथ हॉर्मोन (HGH) का स्तर 5 गुना तक बढ़ जाता है।

  • शरीर की मसल रिपेयर और फैट बर्निंग तेज़ हो जाती है।

  • ब्लड शुगर कंट्रोल करने की क्षमता (Insulin Sensitivity) बढ़ जाती है।

???? 36-45 घंटे:

  • शरीर ग्लूकोनियोजेनेसिस से नई ऊर्जा बनाने लगता है।

  • मेटाबॉलिक रेट 10-15% तक बढ़ सकता है।

  • शरीर में सूजन (Inflammation) कम होती है और गहरी कोशिकीय मरम्मत (Deep Cellular Repair) होती है।

???? दुनिया भर में रिसर्च:

जापानी वैज्ञानिक योशिनोरी ओसुमी को ऑटोफैगी पर शोध के लिए नोबेल पुरस्कार मिला। शोधों के अनुसार लंबे उपवास से:
✔️ कैंसर सेल्स तक खत्म हो सकते हैं
✔️ इम्यून सिस्टम मजबूत होता है
✔️ उम्र बढ़ सकती है (Anti-aging effect)

✅ 45 घंटे उपवास के फायदे

  1. तेज़ी से फैट बर्न और वजन कम होना।

  2. ब्लड शुगर कंट्रोल में मदद।

  3. कोशिकीय सफाई और रिपेयर

  4. सूजन और दर्द में कमी।

  5. दिमाग की कार्यक्षमता और फोकस में सुधार।

⚠️ किन लोगों को नहीं करना चाहिए 45 घंटे का उपवास

  • गर्भवती महिलाएं या स्तनपान कराने वाली माताएं।

  • टाइप 1 डायबिटीज या लो ब्लड शुगर वाले मरीज।

  • गंभीर हृदय रोगी।

  • बहुत कमजोर या अंडरवेट लोग।


???? तो क्या सच में 45 घंटे का उपवास ‘अमृत’ समान असर’ देता है या फिर यह शरीर पर एक अतिरिक्त बोझ है? इसका जवाब आपके शरीर और स्वास्थ्य पर निर्भर करता है।