15 सितंबर से लौटेगा मानसून! लेकिन पीछे छोड़ जाएगा 7% ज्यादा बारिश और अनगिनत सवाल…

15 सितंबर से लौटेगा मानसून! लेकिन पीछे छोड़ जाएगा 7% ज्यादा बारिश और अनगिनत सवाल…

13-Sep-2025    7:43:42 am    48    Anita nishad

 15 सितंबर से लौटेगा मानसून! लेकिन पीछे छोड़ जाएगा 7% ज्यादा बारिश और अनगिनत सवाल…

 

भारतीय मौसम विज्ञान विभाग (IMD) ने ऐलान किया है कि 15 सितंबर से उत्तर-पश्चिम भारत से मानसून की विदाई शुरू हो जाएगी। लेकिन इस बार की विदाई सामान्य नहीं है—क्योंकि मानसून ने देश को 7% ज्यादा बारिश देकर कई रिकॉर्ड तोड़ डाले हैं।

 

नई दिल्ली। भारतीय मौसम विज्ञान विभाग (IMD) ने शुक्रवार को कहा कि पश्चिमी राजस्थान से 15 सितंबर के आसपास दक्षिण-पश्चिम मानसून की वापसी शुरू होगी। धीरे-धीरे यह प्रक्रिया पूरे उत्तर-पश्चिम भारत और फिर पूरे देश तक फैलेगी।

जल्दी आया, देर से जाएगा

आमतौर पर मानसून 1 जून को केरल पहुंचता है और 8 जुलाई तक पूरे देश को कवर कर लेता है। वापसी 17 सितंबर के आसपास शुरू होकर 15 अक्टूबर तक पूरी होती है। लेकिन इस साल मौसम के खेल ने चौंका दिया—

  • मानसून 24 मई को ही केरल पहुंच गया, जो 2009 के बाद सबसे जल्दी था।

  • पूरे देश को कवर करने में भी यह 9 दिन पहले यानी 30 जून तक सफल हो गया।

  • 2020 के बाद यह सबसे जल्दी पूरे भारत तक पहुंचने वाला मानसून रहा।

बारिश का रिकॉर्ड

अब तक देश में 836.2 मिमी बारिश हुई है, जबकि सामान्य बारिश 778.6 मिमी होती है। यानी इस बार 7% अधिक
आईएमडी ने पहले ही अनुमान जताया था कि जून-सितंबर के दौरान भारत को औसत से ज्यादा (106%) बारिश मिलेगी।

महत्व क्यों है?

भारत का कृषि क्षेत्र, जो देश की 42% आबादी की रोज़ी-रोटी और जीडीपी का 18.2% योगदान देता है, पूरी तरह मानसून पर निर्भर है। यही बारिश पेयजल, बिजली उत्पादन और जलाशयों को भरने में भी अहम भूमिका निभाती है।