बलौदाबाजार का जिला अस्पताल रचेगा इतिहास? देश का पहला सरकारी लैब बनने की ओर बढ़ा कदम, कल होगी निर्णायक परख
रायपुर, 10 सितम्बर 2025।
बलौदाबाजार जिला अस्पताल का इंटिग्रेटेड पब्लिक हेल्थ लैब (आईपीएचएल) अब इतिहास रचने की कगार पर है। 11 सितम्बर को राष्ट्रीय गुणवत्ता आश्वासन मानक (एनक्यूएएस) की विशेषज्ञ टीम लैब की व्यवस्थाओं और मानकों का गहन परीक्षण करेगी। अगर लैब सभी मापदंडों पर खरी उतरी, तो यह उपलब्धि हासिल करने वाला देश का पहला सरकारी लैब बन जाएगा।
कलेक्टर दीपक सोनी ने मंगलवार को अस्पताल पहुँचकर लैब की व्यवस्थाओं का निरीक्षण किया और स्वच्छता व पब्लिक सुविधाओं पर विशेष ध्यान देने के निर्देश दिए।
???? लैब की प्रमुख सुविधाएँ:
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कुल 103 प्रकार की जांचें उपलब्ध
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हिमेटोलॉजी – 16 टेस्ट
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क्लिनिकल पैथोलॉजी – 14 टेस्ट
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क्लिनिकल बायोकेमिस्ट्री – 30 टेस्ट
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सिरोलॉजी – 8 टेस्ट
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इम्युनोलॉजी – 28 टेस्ट
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माइक्रोबायोलॉजी – 7 टेस्ट
अस्पताल प्रबंधन का कहना है कि सर्टिफिकेशन प्रक्रिया के लिए सभी व्यवस्थाएँ मानक के अनुसार दुरुस्त की गई हैं।
उल्लेखनीय है कि राष्ट्रीय गुणवत्ता आश्वासन मानक (एनक्यूएएस), भारत सरकार स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्रालय की एक पहल है, जिसका उद्देश्य सरकारी अस्पतालों में दी जाने वाली सेवाओं की गुणवत्ता सुनिश्चित करना है। केवल वे संस्थान जिन्हें विशेषज्ञ टीम द्वारा कठोर परीक्षण में सफल घोषित किया जाता है, उन्हें ही केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्रालय का क्वालिटी सर्टिफिकेट प्रदान किया जाता है।

















