हल्दीबाड़ी यातायात चौक पर धरने पर बैठे व्यापारी, महापौर की मौजूदगी में इंजीनियर ने मांगी माफी

हल्दीबाड़ी यातायात चौक पर धरने पर बैठे व्यापारी, महापौर की मौजूदगी में इंजीनियर ने मांगी माफी

01-Sep-2026    5:05:09 pm    33    सावन कुमार- संपादक

चिरमिरी। नगर निगम की कार्रवाई के विरोध में मंगलवार को हल्दीबाड़ी व्यापारी संघ ने हल्दीबाड़ी मुख्य मार्ग स्थित यातायात चौक पर चक्का जाम कर दिया। दुकान के सामने बिना पूर्व सूचना परिसर तोड़े जाने का आरोप लगाते हुए व्यापारियों ने नगर निगम के खिलाफ जमकर नाराजगी जताई। प्रदर्शन के चलते कुछ समय के लिए यातायात व्यवस्था प्रभावित रही।

जानकारी के मुताबिक, मंगलवार सुबह नगर निगम की टीम हल्दीबाड़ी क्षेत्र में पहुंची और एक व्यापारी की दुकान के सामने स्थित परिसर को कथित तौर पर बिना किसी पूर्व सूचना या नोटिस के तोड़ दिया। कार्रवाई से नाराज व्यापारी ने चिरमिरी थाने में शिकायत दर्ज कराई और नगर निगम की कार्रवाई पर सवाल उठाए।
मामले की जानकारी मिलते ही हल्दीबाड़ी सहित चिरमिरी क्षेत्र के व्यापारी एकजुट हो गए और यातायात चौक पर धरने के साथ चक्का जाम शुरू कर दिया। सूचना मिलते ही पुलिस प्रशासन मौके पर पहुंचा और व्यापारियों से सड़क के बीच प्रदर्शन करने के बजाय सड़क किनारे धरना देने की अपील की।
महापौर पहुंचे मौके पर, इंजीनियर ने मांगी माफी
चक्का जाम की सूचना मिलने के बाद चिरमिरी महापौर रामनरेश राय मौके पर पहुंचे और व्यापारियों से बातचीत की। व्यापारियों की मांग पर महापौर ने नगर निगम के सब इंजीनियर विक्टर वर्मा को मौके पर बुलाया।
 
व्यापारियों के सामने विक्टर वर्मा ने मामले को लेकर माफी मांगी। इसके बाद मौके पर परिसर का निरीक्षण किया गया और संबंधित स्थान को दोबारा बनाए जाने की बात कही गई। महापौर की मध्यस्थता के बाद फिलहाल व्यापारियों ने अपना प्रदर्शन समाप्त किया और यातायात व्यवस्था सामान्य हुई।
पत्रकारों के सवाल पर इंजीनियर का बयान चर्चा में
मामले को लेकर जब पत्रकारों ने सब इंजीनियर विक्टर वर्मा से कार्रवाई और व्यापारियों की शिकायत के संबंध में सवाल किया, तो उनके जवाब को लेकर भी चर्चा शुरू हो गई। पत्रकारों के सवाल पर विक्टर वर्मा ने कथित तौर पर कहा कि “आपको जो लिखना है, लिख दो।” उनके इस बयान को लेकर मौके पर मौजूद लोगों और व्यापारियों में नाराजगी देखी गई।
हालांकि, पूरे मामले में नगर निगम की ओर से कार्रवाई को लेकर आधिकारिक पक्ष और परिसर तोड़े जाने के कारणों की विस्तृत जानकारी सामने आना अभी बाकी है।
व्यापारी संघ ने स्पष्ट किया है कि भविष्य में नगर निगम द्वारा किसी भी व्यापारी के खिलाफ कार्रवाई करने से पहले नियमानुसार सूचना और प्रक्रिया का पालन किया जाना चाहिए।
अब सवाल यह है कि क्या नगर निगम प्रशासन इस पूरे मामले की जांच कर संबंधित अधिकारियों की जिम्मेदारी तय करेगा या फिर मामला महज मौके पर हुई माफी तक ही सीमित रहेगा।